विदेश

भारतीय-अमेरिकी समुदाय के नेता बोले- पीएम मोदी वैश्विक नेता, बदल रहे हैं भारत और भारतीयों की छवि – Utkal Mail

वाशिंगटन। भारतीय-अमेरिकी समुदाय के एक प्रतिष्ठित नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने पिछले 10 साल के कार्यकाल के दौरान विदेशों में भारत की छवि बदल दी है और एक सच्चे वैश्विक नेता के रूप में उभरे हैं। फिलाडेल्फिया निवासी भारतीय-अमेरिकी हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ बिंदुकुमार कंसुपाड़ा ने बुधवार कोएक साक्षात्तकार में कहा, ”मोदी जी न केवल भारत में बल्कि विश्व में भारतीयों की छवि बदल रहे हैं। उन्हें अब एक वैश्विक नेता माना जाता है… मेरा मानना है कि मोदी भारतीय गौरव, भारतीय संस्कृति, योग का प्राचीन भारतीय ज्ञान और आयुर्वेद को पुनर्जीवित कर रहे हैं।”

डॉ. कंसुपाड़ा डेमोक्रेटिक थिंक टैंक ‘इंडियन अमेरिकन इंपैक्ट’ के वार्षिक सम्मेलन ‘देसीस डिसाइड’ में शामिल हुए थे और अमेरिकी उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ने बुधवार को इस कार्यक्रम में मौजूद भारतीय-अमेरिकियों को संबोधित किया था। डॉ बिंदुकुमार व्हील्स ग्लोबल फाउंडेशन के निदेशक मंडल के सदस्य भी हैं।

उन्होंने कहा, ”मेरी नजर में मोदी जी ने सबसे पहले शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कदम उठाए हैं। जब मैं मेडिकल कॉलेज में पढ़ता था तो उस दौरान मुंबई में केवल चार मेडिकल कॉलेज थे। अब भारत में 700 से अधिक मेडिकल कॉलेज हैं। हर जिले में एक मेडिकल कॉलेज है। जहां तक मुझे याद है साल 1970 में भारत में केवल पांच भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) थे और अब करीब 23 आईआईटी हैं।”

 कंसुपाड़ा ने बताया कि उन्होंने हाल के दिनों में कई बार भारत का दौरा किया है। भारतीय अमेरिकी डॉक्टर ने कहा, ”बहुत विकास हुआ है। भारतीय युवाओं में जबरदस्त आत्मविश्वास है। देश में तीर्थ स्थलों का भी विकास हुआ है। मैंने भारत में जितने हवाई अड्डे देखे थे, अब उससे कहीं अधिक हवाई अड्डे हैं। प्रसन्नता सूचकांक में भी सुधार हो रहा है। लोग अधिक आत्मनिर्भर बन गए हैं और मुझे लगता है कि लोगों को भारतीय होने पर गर्व है।” डॉ. कंसुपाड़ा ने कहा कि उन्हें इस बात में कोई हैरानी नहीं होगी कि यदि भारतीय-अमेरिकियों की युवा पीढ़ी को व्यवसाय विकास और सामुदायिक मामलों के लिए कभी-कभी भारत का दौरा करना पड़ सकता है क्योंकि देश अब उत्कृष्टता का केंद्र है।

एक सवाल के जवाब में डॉ. कंसुपाड़ा ने कहा कि मोदी ने भारत के लोगों को गर्व का अहसास कराया है। उन्होंने कहा, ”मैं उनसे (भारत के लोगों से) सुन रहा हूं कि मध्यम वर्ग के अधिकांश लोग भारत और मोदी से प्यार करते हैं। इसमें मुंबई में रहने वाले मेरे मित्र भी शामिल हैं।” भारतीय-अमेरिकी हृदय रोग विशेषज्ञ ने कहा कि मेरा मानना है कि यदि भारत में लोकसभा चुनाव के बाकी तीन चरणों में और अधिक लोग मतदान करते हैं, तो मोदी जीत जाएंगे। उन्होंने कहा, ‘‘वह सभी समुदायों- हिंदू, मुस्लिम, बौद्ध, आदिवासी लोगों के नेता हैं। मुझे लगता है कि वह भारत के सभी पहलुओं का प्रतिनिधित्व करते हैं और मुझे विश्वास है कि वह भारत को एकजुट करेंगे।

बाइडन प्रशासन को गाजा पर युवाओं की आवाज सुननी चाहिए: भारतीय-अमेरिकी छात्र 
वाशिंगटन। भारतीय मूल के दो अमेरिकी छात्रों ने कहा है कि जो बाइडेन प्रशासन को गाजा में युद्ध को लेकर युवाओं की आवाज सुननी चाहिए। छात्रों ने इजराइल का समर्थन न करने की मांग को लेकर पूरे अमेरिका में कॉलेज परिसरों में चल रहे विरोध प्रदर्शन के पक्ष में यह बात कही है। इजराइल-हमास युद्ध को लेकर विरोध प्रदर्शन हाल के हफ्तों में अमेरिकी विश्वविद्यालय और कॉलेज परिसरों में फैल गया है। इस वजह से व्यवधान उत्पन्न हुए हैं और गिरफ्तारियां की गईं। 

पेन्सिलवेनिया विश्वविद्यालय की छात्रा आरा संपत ने एक साक्षात्कार में कहा, “बहुत सारे छात्र वर्तमान में विभिन्न प्रकार के धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं।” पिछले साल 7 अक्टूबर को हमास के हमले और इजराइल के जवाबी हमले के बाद से छात्रों ने युद्ध के खिलाफ रैलियां, धरने, अनशन किए हैं और हाल ही में तंबू गाड़कर शिविर लगाए हैं। वे मांग कर रहे हैं कि उनके संस्थान आर्थिक रूप से इजराइल से अलग हो जाएं, जिनमें से कई बड़े पैमाने पर उसे चंदा देते हैं।

ये भी पढ़ें : इस समय खतरे से बाहर हैं स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको, उप प्रधानमंत्री ताराबा ने दी जानकारी


utkalmailtv

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button