ब्रह्मणी नदी में डूबकर बच्चे की मौत, अवैध बालूघाट को लेकर ग्रामीणों का फूटा गुस्सा

जाजपुर: जाजपुर ज़िले के रसूलपुर ब्लॉक अंतर्गत महेश्वरपुर पंचायत के शंकर दास के 4 वर्षीय बेटे की सोमवार को ब्रह्मणी नदी में डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद ग्रामीणों ने अवैध बालू खनन को जिम्मेदार ठहराते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
जानकारी के अनुसार, बच्चा 4–5 साथियों के साथ नदी किनारे खेल रहा था, तभी अचानक फिसलकर गहरे पानी में चला गया। अन्य बच्चों ने तुरंत परिजनों को इसकी जानकारी दी। परिजन मौके पर पहुंचे और बच्चे को बाहर निकालकर पहले ब्रह्मबरदा स्वास्थ्य केंद्र और बाद में जाजपुर जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने बरुआ–बालिचंद्रपुर मुख्य सड़क पर स्थित ब्रह्मबरदा पुल पर बच्चे के शव को रखकर दोपहर से देर रात तक सड़क जाम कर दिया। टायर जलाकर और बांस की बैरिकेडिंग कर रास्ता अवरुद्ध करने से दोनों ओर सैकड़ों वाहन फंस गए।
ग्रामीणों का आरोप है कि बालू माफिया नदी के पाट से अवैध रूप से बालू निकालने के कारण बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिनमें पानी भर जाता है। इन्हीं गड्ढों में गिरने से बच्चे की मौत हुई है। उन्होंने परिवार को मुआवज़ा देने, अवैध बालूघाट बंद करने और बालू माफिया के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने अवैध बालू परिवहन में लगे भारी वाहनों को जब्त करने, संबंधित थाना अधिकारियों का तबादला करने और स्थानीय अस्पताल में 24 घंटे चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराने की भी मांग की।
सूचना मिलने पर ब्रह्मबरदा थाना प्रभारी जयंती मलिक, रसूलपुर तहसीलदार सिद्धार्थ शंकर बेहरा, जाजपुर एसडीपीओ प्रशांत कुमार माझी और लघु खनिज विभाग के कनिष्ठ अधिकारी राहुल कुमार दीप्तसुंदर सेठी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने तत्काल रेडक्रॉस फंड से 20,000 रुपये की सहायता प्रदान की और 4 लाख रुपये का सरकारी मुआवज़ा उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। साथ ही अवैध बालू खनन पर आवश्यक कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद रात देर तक चला सड़क जाम समाप्त हुआ।